Covid Tales

Covid Tales: ऑनलाइन वर्क ने बदल दी जिंदगी

सायरा खान

कोरोना वायरस ने जिंदगी को बदल दिया है। अब ज्यादातर काम घर से निकलने बिना ऑन लाइन किया जा रहा है। पहले लोगों को काफी वक्त दफ्तर आने जाने में गुजारना पड़ता था, अब वह आराम से घर पर बैठकर काम कर रहे हैं। परिवार के साथ वक्त बिताने का भी मौका मिल रहा है।

घर से काम कर रहे रईस ने बताया कि लॉकडाउन ने जिंदगी बदल दी है। लोग अब घर पर बैठकर ऑन लाइन काम कर रहे हैं। घर से बाहर जाने की जरूरत बहुत कम हो गई है। लोगों को परिवार के साथ समय बिताने का वक्त भी मिलने लगा। इसकी वजह से परिवार में संबंध दृढ़ बनने लगे। जो लोग शिकायत करते रहते थे कि परिवार को वक्त नहीं दे पाते हैं, अब वह भी खुश हैं।

यह भी पढ़ें:  चोरी के अपराध और शर्म पर भारी बेरोजगारी और भूख

उन्होंने कहा कि जब मैं रोज नौकरी करने जाता था तब मुझे रोज समय पर ऑफिस पहुंचने की चिंता रहती थी। सुबह जल्दी उठो, तैयार हो, खाना खाओ, बैग में सामान रखो और घर से निकलो। जाते वक्त बच्चों की फरमाइश, पापा शाम को खाने की चीज लेते आना। पत्नी जोर से चिल्लाती थी, अजी आते वक्त सब्जी लेते आना…. नहीं तो कल आपका टिफिन खाली ले जाना। मैं चिल्ला कर बोलता था, हां मैं ले आऊंगा।

रईस ने कहा, फिर जल्दी-जल्दी चलता और बस स्टॉप पहुंचता। स्टॉप पर खड़ा हो जाता और बस का इंतजार करने लगता। बस आती धक्के खाते हुए उस में बैठता। तब कहीं जाकर बड़ी मुश्किल से ऑफिस पहुंचता। लेट पहुंचने पर बॉस की डांट पड़ती। तुम्हारी तो आदत है। तुम रोज लेट आते हो, कभी तो टाइम पर आ जाया करो। अब घर से काम करने से सारा निजाम बदल गया है।

यह भी पढ़ें:  कोरोना के आगे दूसरी बीमारियों का इलाज हो रहा मुश्किल से

रईस ने कहा कि पहले जिस तरह मीटिंग करने के लिए एक ऑफिस से दूसरे ऑफिस जाना पड़ता था, जिसके लिए परेशानी होती थी। आने-जाने में टाइम खराब होता था, लेकिन आज हम घर पर बैठकर जूम, गूगल मीट के माध्यम से मीटिंग कर सकते हैं।